भू-बैकुंठ बदरीनाथ धाम की पहाड़ियों में जंगलों में आग लगने की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं। शनिवार देर शाम बामणी वन पंचायत क्षेत्र में एक बार फिर आग भड़क उठी। देखते ही देखते आग ने जंगल के बड़े हिस्से को अपनी चपेट में ले लिया और पहाड़ियों से उठता धुआं दूर तक दिखाई देने लगा। घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और आग बुझाने का अभियान शुरू किया। काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका।
अलकनंदा वन प्रभाग की डीएफओ प्रियंका भी घटनास्थल पर पहुंचीं और आग बुझाने के अभियान की निगरानी की। उन्होंने विभागीय कर्मचारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। वन विभाग के अनुसार, रात करीब 9:30 बजे से टीम ने आग बुझाने के लिए लगातार प्रयास किए। कई घंटे की मशक्कत के बाद आग को नियंत्रित किया जा सका।
डीएफओ प्रियंका ने बताया कि बदरीनाथ धाम के बामणी वन पंचायत क्षेत्र में स्काई शॉट पटाखे के कारण आग लगने की घटना सामने आई है। सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर आग बुझाने का काम शुरू कर दिया था। उन्होंने कहा कि वन संपदा और पर्यावरण की सुरक्षा के लिए आमजन का सहयोग बेहद जरूरी है।
गौरतलब है कि इन दिनों देश-विदेश से बड़ी संख्या में श्रद्धालु भगवान बदरी विशाल के दर्शन के लिए धाम पहुंच रहे हैं। ऐसे में पहाड़ियों पर बार-बार आग लगने की घटनाएं चिंता का विषय बन रही हैं। दीपावली के दौरान आतिशबाजी से जंगलों में आग फैलने का खतरा और बढ़ जाता है। वन विभाग ने लोगों से सावधानीपूर्वक आतिशबाजी करने और जंगलों के आसपास पटाखे जलाने से बचने की अपील की है। साथ ही लोगों से वन संपदा की सुरक्षा में सहयोग करने का आग्रह किया है।

