OPINION

चार जजों ने जो चिट्ठी मुख्य न्यायाधीश को लिखी

प्रिय मुख्य न्यायाधीश जी, बड़ी नाराज़गी और दुख के साथ हमने सोचा कि यह चिठ्ठी आपके नाम लिखी जाए ताकि इस अदालत से जारी किए गए कुछ आदेशों को चिंहित किया जा सके, जिन्होंने न्याय देने की पूरी कार्यप्रणाली और उच्च न्यायालयों की स्वतंत्रता के साथ-साथ भारत के सर्वोच्च न्यायालय के काम करने के तौर-तरीक़ों को बुरी तरह प्रभावित करके ...

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पॉर्न ‘बैन’ तो हुआ पर देश ‘पॉर्न मुक्त’ नहीं

बंद करो… बंद करो…’ हुआ पुराना। नया नारा है, ‘बैन करो… बैन करो’। क्योंकि बैन करने से ही हालात सुधरेंगे। और पॉर्न बैन कर दिया तो देश में महिलाओं के साथ हो रहे सारे अत्याचार खत्म हो जाएंगे। भले ही हमने दुनिया को कामसूत्र और खजुराहो दिया हो पर समाज को ‘नई’ या ‘सही’ दिशा दिखाने का ठेका तो संस्कृति ...

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पब्लिक के दम से द्वारका में लौटी प्रकृति

लोगों की कोशिश से दम तोड़ रहे एक पारंपरिक जोहड़ (तालाब) में फिर जीवन का संचार हुआ है। ‘नया जोहड़’ नाम से पहचान पाने वाली इस वॉटर बॉडी में अब 50 से ज्यादा प्रजातियों के पक्षी घूमते हुए देखे जा सकते हैं। यह वॉटर बॉडी द्वारका के सेक्टर-23 में मौजूद है। कुछ साल पहले तक यह तालाब लगभग खत्म होता ...

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भारत में रोज 19 करोड़ लोग भूखे रहने को मजबूर

देश ने भले ही मंगल ग्रह तक पहुंच बना ली हो लेकिन अब भी भारत की बड़ी आबादी को भूखा सोना पड़ता है। ऐसा बिल्कुल नहीं है कि भारत में कम अनाज पैदा होता है, बल्कि यह जरूरतमंदों तक पहुंच ही नहीं पाता। युनाइटेड नेशन की फूड एंड एग्रिकल्चर ऑर्गेनाइजेशन (FAO) ने इससे जुड़ी एक रिपोर्ट जारी की है। रिपोर्ट ...

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लूटतंत्र के भंवर में घोटालो की जाँच

(मोहन भुलानी, न्यूज़ ट्रस्ट ऑफ़ इंडिया ) देश में लूटतंत्र का जाल इस कदर फैल गया कि देश का विकास आगे जाने के बजाय पीछे चल रहा है, कारण वही घोटालों का जांच करने में सिस्टम का व्यस्त रहना, जिस प्रकार से देश के अंदर घोटालों का दौर शुरू हुआ इसमें हमारी जांच एजेंसियों सहित न्याय का मंदिर भी न्याय ...

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क्या भ्रष्टाचार और सजा की भी जाति होती है?

क्या ‘निचली’ जातियों और समूहूों के नेता ज्यादा भ्रष्ट होते हैं? यह सवाल तब भी उठा था जब एक मुकदमे में लालू यादव के खिलाफ फैसला आया था. क्या भ्रष्टाचार और अपराध का जाति अथवा संप्रदाय से कोई संबंध होता है? क्या जातियों के क्रम में जो जितना नीचे होता है उतना ही भ्रष्टाचार के मामले से उसके जुड़ने (अथवा ...

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भारतीय अपनी भाषा में न्याय पाने से क्यों हैं वंचित ?

भारत दुनिया का अनोखा देश है इस बात को आप ऐसे समझ सकते हैं कि आज़ादी के 70 वर्ष बाद भी भारतीय अपनी भाषा में न्याय पाने से वंचित हैं। क्यों? आज भी भारत के सुप्रीम कोर्ट एवं हाई कोर्ट की आधिकारिक भाषा अंग्रेजी ही है। पिछले दिनों सुप्रीम कोर्ट ने दो बड़े फैसले दिए हैं जिनमे से एक है ...

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उत्तराखंड के विकास मॉडल को तत्काल बदलना जरुरी

(मोहन भुलानी, न्यूज़ ट्रस्ट ऑफ़ इंडिया) उत्तराखंड की परिस्थितियों को ध्यान में रखकर विकास की नीतियां बनाई जाने की जरूरत है। उत्तराखंड में कोई भी विकास की योजना लोगों, वहां के पेड़, भू-भौतिकी और इकोलॉजी को ध्यान में रखकर ही बननी चाहिए। पर जो वर्तमान विकास का मॉडल अपनाया गया है, वह विनाशकारी साबित हो रहा है। पहाड़ों में विनाशकारी ...

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पहाड़ी राज्य की सरकार – पहाड़ चढ़ने को नहीं तैयार

आज पहाड़ी राज्य उत्तराखंड अपनी स्थापना के 17 साल पूरे कर रहा है लेकिन उत्तराखंड को आज भी स्थायी राजधानी नहीं मिल पायी है। उत्तराखड को अलग राज्य बनाने की मांग इसलिए महसूस हुई थी क्योंकि राज्य के पहाड़ी इलाके शिक्षा, रोजगार, स्वास्थ्य जैसी मूलभूत सुविधाओं के लिए संघर्ष कर रहे थे। यानी उत्तराखंड राज्य की मांग का मतलब ही ...

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5 साल की AAP – कितना भरोसा और कितनी निराशा !

भ्रष्टाचार के खिलाफ आंदोलन के गर्भ से निकली आम आदमी पार्टी ने 26 नवंबर, 2017 को अपने पांच वर्ष पूरे कर लिए. स्थापना दिवस के पांचवें साल का उत्सव मनाने के लिए रामलीला मैदान में विशाल जनसभा का आयोजन किया गया. देश भर के कार्यकर्ताओं के जमावड़े के बीच नेताओं के संबोधन हुए. एक तरफ जहां भाषणों में सब कुछ ...

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